संरक्षित खेती प्रोत्साहन योजना
Sanrakshit Kheti Protsahan Yojana
बेमौसम उच्च मूल्य वाली फसलों की सुरक्षित खेती के लिए पॉलीहाउस, शेडनेट और मल्चिंग पर 50% तक सरकारी अनुदान।
विस्तृत योजना गाइड उपलब्ध है। आवेदन से पहले वर्तमान लाभ, पात्रता और अंतिम तारीख विभाग की वेबसाइट पर जाँचें।
योजना एक नज़र में
इस योजना से जुड़े रास्ते
संबंधित योजनाएं
आवेदन से जुड़े गाइड
संरक्षित खेती प्रोत्साहन योजना का विवरण
योजना का क्षेत्र: मध्य प्रदेश
संरक्षित खेती (Protected Cultivation) योजना मध्य प्रदेश उद्यानिकी विभाग द्वारा शुरू की गई है। इसका मुख्य उद्देश्य उच्च मूल्य वाली फसलों (जैसे विदेशी सब्जियां, गुलाब, जरबेरा आदि) को खुले मौसम की अनिश्चितताओं से बचाना है।
पॉलीहाउस (Polyhouse) और शेडनेट हाउस (Shadenet House) के अंदर तापमान और नमी को नियंत्रित किया जा सकता है, जिससे बेमौसम में भी अच्छी गुणवत्ता की फसल ली जा सकती है और कीटों का प्रकोप कम होता है।
संरक्षित खेती प्रोत्साहन योजना के लाभ
सब्सिडी (Subsidy) का विवरण
- योजना के तहत पॉलीहाउस, शेडनेट हाउस और प्लास्टिक मल्चिंग (Plastic Mulching) लगाने पर निर्धारित इकाई लागत (Unit Cost) का लगभग 50% अनुदान सरकार द्वारा दिया जाता है।
- अनुसूचित जाति (SC), अनुसूचित जनजाति (ST) या महिला किसानों के लिए कुछ विशेष परिस्थितियों में अतिरिक्त टॉप-अप (Top-up) अनुदान भी मिल सकता है।
- निर्माण कार्य पूरा होने और विभागीय भौतिक सत्यापन (Physical Verification) के बाद सब्सिडी राशि सीधे किसान के बैंक खाते में (DBT) भेज दी जाती है।
संरक्षित खेती प्रोत्साहन योजना की पात्रता
इन शर्तों को साथ पढ़ें। केवल एक शर्त पूरी होने से आवेदन मंजूर होना तय नहीं है। अंतिम पात्रता संबंधित विभाग द्वारा निर्धारित की जाती है।
- आवेदक मध्य प्रदेश का मूल निवासी और किसान होना चाहिए।
- संरचना के निर्माण के लिए किसान के पास कम से कम 1000 वर्ग मीटर (0.1 हेक्टेयर) निजी भूमि होना अनिवार्य है।
- खेत पर सिंचाई के पर्याप्त साधन (पानी का स्रोत) उपलब्ध होने चाहिए।
- यदि किसान बैंक लोन के माध्यम से संरचना बना रहा है, तो बैंक का स्वीकृति पत्र (Consent Letter) होना चाहिए। स्व-वित्तीय (Self-finance) होने पर उसका प्रमाण देना होगा।
संरक्षित खेती प्रोत्साहन योजना के अपवाद
कौन पात्र नहीं है और किन बातों की जाँच चाहिए?
- जिन किसानों के पास सिंचाई की सुविधा नहीं है, वे इस योजना के पात्र नहीं हैं।
- बिना विभागीय अनुमति (Permit) के पहले ही निर्माण करा लेने वाले किसानों को सब्सिडी नहीं दी जाएगी।
संरक्षित खेती प्रोत्साहन योजना की आवेदन प्रक्रिया
ट्रेंडिंग योजनाएं
संरक्षित खेती प्रोत्साहन योजना के अधिकतर पूछे जाने वाले सवाल
क्या पॉलीहाउस बनाने के लिए बैंक से लोन लेना जरूरी है? ▾
नहीं, यह जरूरी नहीं है। यदि आपके पास खुद का पैसा (स्व-वित्तीय) है, तो आप अपने पैसे से भी बना सकते हैं, लेकिन उसका प्रमाण आवेदन के समय देना होगा।
सब्सिडी का पैसा कब मिलता है? ▾
सब्सिडी का पैसा पॉलीहाउस या शेडनेट का निर्माण पूरी तरह खत्म होने और उद्यानिकी विभाग के अधिकारियों द्वारा खेत पर आकर जांच (भौतिक सत्यापन) करने के बाद ही मिलता है।
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https://www.sarkariyojanasetu.com/yojna/sanrakshit-kheti-protsahan-yojanaस्रोत और संदर्भ
- नोडल विभाग: उद्यानिकी एवं खाद्य प्रसंस्करण विभाग
- आधिकारिक स्रोत: horticulture.mponline.gov.in
अंतिम स्वतंत्र संपादकीय समीक्षा: सत्यापन आवश्यक
इस योजना की पूरी जानकारी का वर्तमान आधिकारिक दिशानिर्देश से स्वतंत्र सत्यापन बाकी है। सत्यापन पूरा होने तक इस पेज को मसौदा मानें।
MP उद्यानिकी विभाग (MPFSTS) पोर्टल से सत्यापित।
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- संरक्षित खेती प्रोत्साहन योजना — विभागीय स्रोत ↗
उद्यानिकी एवं खाद्य प्रसंस्करण विभाग · संबंधित भाग: उपलब्ध योजना रिकॉर्ड
इस संपादन में स्रोत की नई स्वतंत्र जाँच बाकी है।
MP उद्यानिकी विभाग (MPFSTS) पोर्टल से सत्यापित।
Sarkari Yojana एक स्वतंत्र सूचना वेबसाइट है। अंतिम पात्रता संबंधित विभाग द्वारा निर्धारित की जाती है।
दस्तावेज़ और आवेदन की तैयारी
ये सामान्य जानकारी के गाइड हैं। आवश्यक दस्तावेज़ योजना के वर्तमान आधिकारिक नियमों से मिलाएँ।
प्रतिपुष्टि
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यह फॉर्म इस वेबसाइट की जानकारी में सुधार के लिए है। इससे सरकारी आवेदन या विभागीय शिकायत दर्ज नहीं होती। आधार नंबर, बैंक विवरण या OTP न लिखें।
