मुख्य मंत्री बाल ह्रदय उपचार योजना

विवरण
योजना का क्षेत्र: मध्य प्रदेश
0 से 18 वर्ष तक के बच्चों में दिल में छेद या अन्य गंभीर हृदय विकारों के लिए देश के प्रतिष्ठित सुपर स्पेशलिटी अस्पतालों में निःशुल्क ऑपरेशन।
लाभ
- जन्मजात हृदय रोग से पीड़ित बच्चों की ₹1.5 लाख से ₹2 लाख तक की सर्जरी/उपचार पूरी तरह निःशुल्क
पात्रता
इन शर्तों को साथ पढ़ें। केवल एक शर्त पूरी होने से आवेदन मंजूर होना तय नहीं है। अंतिम पात्रता संबंधित विभाग द्वारा निर्धारित की जाती है।
सत्यापन आवश्यक: आधिकारिक स्रोत से पूरी पात्रता सूची की समीक्षा अभी बाकी है।
अपवाद
कौन पात्र नहीं है और किन बातों की जाँच चाहिए?
सत्यापन आवश्यक: आधिकारिक दिशानिर्देश में दी गई अपात्रता और अपवाद की शर्तें अभी दर्ज नहीं हैं।
आवेदन प्रक्रिया
सत्यापन आवश्यक: वर्तमान आधिकारिक आवेदन प्रक्रिया उपलब्ध नहीं है।
आवश्यक दस्तावेज़
वर्तमान सरकारी प्रपत्र से मिलाएँ कि आपके मामले में कौन-सा दस्तावेज़ लागू है। किसी खास श्रेणी के लिए माँगा गया प्रमाण हर आवेदक के लिए जरूरी नहीं होता।
- 🪪 बच्चे और माता-पिता का आधार कार्ड
- 📋 समग्र परिवार ID
- 🏥 सरकारी बाल रोग विशेषज्ञ या मेडिकल कॉलेज की 2D इको रिपोर्ट
- 🏠 मूल निवास प्रमाण पत्र
- 💰 आय प्रमाण पत्र (BPL या ₹1.5 लाख तक)
अधिकतर पूछे जाने वाले सवाल
इस योजना के लिए स्रोत-समर्थित सवाल-जवाब की समीक्षा अभी बाकी है।
स्रोत और संदर्भ
- नोडल विभाग: लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग, मध्य प्रदेश
- आधिकारिक स्रोत: health.mp.gov.in
इस लेख का अंतिम स्वतंत्र सत्यापन: सत्यापन आवश्यक
स्वास्थ्य विभाग MP द्वारा बाल मृत्यु दर घटाने हेतु सुपर-स्पेशलिटी योजना।
- मुख्य मंत्री बाल ह्रदय उपचार योजना — विभागीय स्रोत ↗
लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग, मध्य प्रदेश · संबंधित भाग: उपलब्ध योजना रिकॉर्ड
इस संपादन में स्रोत की नई स्वतंत्र जाँच बाकी है।
स्वास्थ्य विभाग MP द्वारा बाल मृत्यु दर घटाने हेतु सुपर-स्पेशलिटी योजना।
सरकारी योजना सेतु एक स्वतंत्र सूचना वेबसाइट है। अंतिम पात्रता संबंधित विभाग द्वारा निर्धारित की जाती है।
प्रतिपुष्टि
मुख्य मंत्री बाल ह्रदय उपचार योजना की जानकारी में कोई गलती दिखी? नीचे विषय चुनें और बताएँ कि किस बात में सुधार चाहिए। नया सरकारी आदेश या स्रोत मिला हो तो उसका लिंक भी लिख सकते हैं।
यह फॉर्म इस वेबसाइट की जानकारी में सुधार के लिए है। इससे सरकारी आवेदन या विभागीय शिकायत दर्ज नहीं होती। आधार नंबर, बैंक विवरण या OTP न लिखें।
