आहार अनुदान योजना (विशेष पिछड़ी जनजाति)
Aahar Anudan Yojana (PVTG Nutrition Grant)
मध्य प्रदेश की विशेष पिछड़ी जनजातियों (बैगा, भारिया, सहरिया) के परिवारों को कुपोषण से बचाने के लिए हर महीने ₹1500 की आर्थिक मदद।
विस्तृत योजना गाइड उपलब्ध है। आवेदन से पहले वर्तमान लाभ, पात्रता और अंतिम तारीख विभाग की वेबसाइट पर जाँचें।
योजना एक नज़र में
इस योजना से जुड़े रास्ते
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आवेदन से जुड़े गाइड
आहार अनुदान योजना (विशेष पिछड़ी जनजाति) का विवरण
योजना का क्षेत्र: मध्य प्रदेश
मध्य प्रदेश में बैगा, भारिया और सहरिया जनजातियों को अत्यंत कमज़ोर माना गया है। इन जनजातियों के बच्चों और महिलाओं में कुपोषण (Malnutrition - खून की कमी, कम वज़न) एक गंभीर समस्या रही है।
इस समस्या को खत्म करने के लिए सरकार ने "आहार अनुदान योजना" शुरू की है। इस योजना का मक़सद है कि परिवार हरी सब्ज़ियाँ, दालें, दूध और फल खरीद सकें ताकि उनके बच्चों को सही पोषण मिल सके।
आहार अनुदान योजना (विशेष पिछड़ी जनजाति) के लाभ
योजना के सीधे लाभ
- प्रतिमाह ₹1500: सरकार हर महीने 1,500 रुपये की नकद राशि सीधे महिला मुखिया के बैंक खाते में डालती है।
- बिना किसी शर्त के (Unconditional): इसके लिए कोई काम करने या फॉर्म बार-बार भरने की शर्त नहीं है। एक बार नाम जुड़ने पर हर महीने पैसे मिलते हैं।
- महिलाओं के हाथ में पैसा: क्योंकि पैसा परिवार की महिला (माँ/पत्नी) के खाते में जाता है, इसलिए वह बच्चों के खान-पान पर बेहतर खर्च कर पाती है।
आहार अनुदान योजना (विशेष पिछड़ी जनजाति) की पात्रता
इन शर्तों को साथ पढ़ें। केवल एक शर्त पूरी होने से आवेदन मंजूर होना तय नहीं है। अंतिम पात्रता संबंधित विभाग द्वारा निर्धारित की जाती है।
- आवेदक परिवार मध्य प्रदेश का मूल निवासी होना चाहिए।
- परिवार केवल "विशेष पिछड़ी जनजाति" (PVTG) अर्थात् बैगा (Baiga), भारिया (Bhariya) या सहरिया (Sahariya) वर्ग का होना चाहिए।
- लाभ केवल परिवार की "महिला मुखिया" (Female Head - शादीशुदा महिला) के नाम पर दिया जाता है।
आहार अनुदान योजना (विशेष पिछड़ी जनजाति) के अपवाद
कौन पात्र नहीं है और किन बातों की जाँच चाहिए?
- अन्य ST वर्ग (जैसे गोंड, भील) या SC, OBC, General वर्ग के लोग इस योजना के पात्र नहीं हैं।
- यदि परिवार में कोई महिला मुखिया नहीं है (सिर्फ पुरुष हैं), तो विशेष परिस्थितियों में पुरुष मुखिया को लाभ दिया जा सकता है, लेकिन प्राथमिकता महिला को ही है।
आहार अनुदान योजना (विशेष पिछड़ी जनजाति) की आवेदन प्रक्रिया
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आहार अनुदान योजना (विशेष पिछड़ी जनजाति) के अधिकतर पूछे जाने वाले सवाल
क्या लाड़ली बहना योजना के 1250 रुपए और आहार अनुदान के 1500 रुपए दोनों एक साथ मिल सकते हैं? ▾
हाँ। आहार अनुदान योजना एक विशेष जनजातीय योजना है, और लाड़ली बहना अलग योजना है। पात्र महिला को दोनों योजनाओं का पैसा (कुल ₹2750) मिल सकता है।
मैं गोंड समाज से हूँ, क्या मुझे यह पैसा मिलेगा? ▾
नहीं। यह योजना सिर्फ बैगा, भारिया और सहरिया (PVTG) समाज के लिए है।
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https://www.sarkariyojanasetu.com/yojna/aahar-anudan-yojanaस्रोत और संदर्भ
- नोडल विभाग: जनजातीय कार्य विभाग
- आधिकारिक स्रोत: tribal.mp.gov.in
अंतिम स्वतंत्र संपादकीय समीक्षा: सत्यापन आवश्यक
इस योजना की पूरी जानकारी का वर्तमान आधिकारिक दिशानिर्देश से स्वतंत्र सत्यापन बाकी है। सत्यापन पूरा होने तक इस पेज को मसौदा मानें।
आहार अनुदान योजना के तहत 2017 में 1000 रुपये मिलते थे, जिसे बढ़ाकर 1500 रुपये कर दिया गया है।
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- आहार अनुदान योजना (विशेष पिछड़ी जनजाति) — विभागीय स्रोत ↗
जनजातीय कार्य विभाग · संबंधित भाग: उपलब्ध योजना रिकॉर्ड
इस संपादन में स्रोत की नई स्वतंत्र जाँच बाकी है।
आहार अनुदान योजना के तहत 2017 में 1000 रुपये मिलते थे, जिसे बढ़ाकर 1500 रुपये कर दिया गया है।
Sarkari Yojana एक स्वतंत्र सूचना वेबसाइट है। अंतिम पात्रता संबंधित विभाग द्वारा निर्धारित की जाती है।
दस्तावेज़ और आवेदन की तैयारी
ये सामान्य जानकारी के गाइड हैं। आवश्यक दस्तावेज़ योजना के वर्तमान आधिकारिक नियमों से मिलाएँ।
प्रतिपुष्टि
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